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पहले देखें कि यही सेवा लागू है

विभाग इस सेवा को 12 माह तक के किरायानामों के लिए बताता है। केवल पोर्टल के विकल्प में आने के लिए तय अवधि छोटी न लिखें। अवधि या प्रॉपर्टी की व्यवस्था अलग हो तो संबंधित निबन्धन कार्यालय या स्वतंत्र पेशेवर से सही प्रक्रिया पूछें। डिजिटल स्टाम्पिंग और पंजीकरण अलग काम हैं; अपने मामले की आवश्यकता की पुष्टि करें।

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रहने की शर्तें पहले तय करें

किराये पर दिए जाने वाला सही पता और हिस्सा, शुरू होने की तारीख, अवधि, मासिक किराया, जमा राशि, भुगतान की तारीख, बिजली-पानी, मेंटेनेंस, मरम्मत, नोटिस और कब्ज़ा देते समय घर की हालत लिखें। मकान मालिक को घर किराये पर देने का अधिकार भी जाँचें। पोर्टल दस्तावेज़ बना सकता है; अस्पष्ट जमा राशि वापसी या मरम्मत की शर्त खुद तय नहीं कर सकता।

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दोनों पक्ष पहचान जाँच के लिए तैयार रहें

आधिकारिक FAQ के अनुसार मकान मालिक और किरायेदार आधार ई-केवाईसी और ई-हस्ताक्षर करते हैं; OTP आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर आता है। FAQ में ईमेल और ऑनलाइन भुगतान की सुविधा भी बताई गई है। हर व्यक्ति अपनी पहचान का चरण खुद पूरा करे; OTP किसी ब्रोकर या दूसरे व्यक्ति को न दें।

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भुगतान और हस्ताक्षर से पहले मसौदा पढ़ें

विभाग की प्रक्रिया के अनुसार किराये का विवरण भरने पर सॉफ्टवेयर स्टाम्प शुल्क गिनता है, मसौदा तैयार होता है, भुगतान होता है और दोनों पक्ष ई-हस्ताक्षर करते हैं। नाम, प्रॉपर्टी का विवरण, अवधि, किराया और जमा राशि तय शर्तों से मिलाएं। भुगतान की रसीद और अंतिम हस्ताक्षरित दस्तावेज़ संभालकर रखें।

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दस्तावेज़ सत्यापित करके सुरक्षित रखें

IGRSUP का अलग किरायानामा सत्यापन पेज 15 अंकों की आवेदन संख्या माँगता है। आवेदन संख्या और अंतिम फ़ाइल संभालें और सिर्फ भेजी हुई PDF पर निर्भर रहने के बजाय विभाग की सत्यापन सेवा देखें। विवरण गलत हो या पोर्टल इस सौदे के लिए काम न करे तो दस्तावेज़ पूरा मानने से पहले विभाग से मार्गदर्शन लें।

अगला कदम

साफ़ पता किराये का घर या किरायेदार ढूँढने और प्रॉपर्टी के तथ्य जुटाने में मदद कर सकता है। शर्तें मकान मालिक और किरायेदार खुद तय करें और दस्तावेज़ के लिए आधिकारिक पोर्टल या अपने चुने पेशेवर का उपयोग करें।

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